बीमार बच्ची के पिता को 20 मिनट तक पेट्रोल से वंचित रखा

कोसीर पेट्रोल पंप पर मनमानी का आरोप

कोसीर -सारंगढ़-बिलाईगढ़ जिले के कोसीर स्थित कोसीर पेट्रोल पंप पर गंभीर लापरवाही और मनमानी का मामला सामने आया है। आरोप है कि बर्दुला गांव के दो ग्रामीण अपनी गाड़ी को लगभग 2 किलोमीटर धक्का देकर पेट्रोल लेने पंप पहुंचे, लेकिन उन्हें करीब 20 मिनट तक पेट्रोल नहीं दिया गया।
पीड़ितों के अनुसार, पंप पर मौजूद कर्मचारियों ने स्पष्ट कहा कि “जब तक संचालक की अनुमति नहीं होगी, पेट्रोल नहीं दे सकते”, जबकि पंप पर पर्याप्त मात्रा में पेट्रोल उपलब्ध था। कर्मचारियों का कहना था कि वे संचालक के आदेश के बिना ईंधन नहीं दे पाएंगे।
ग्रामीणों ने कर्मचारियों को बताया कि उनके घर में बच्ची की तबीयत खराब है और उन्हें तत्काल पेट्रोल की जरूरत है, ताकि वे जल्दी घर पहुंच सकें। इसके बावजूद उन्हें कोई राहत नहीं मिली। बाद में जब उन्होंने पंप संचालक से निवेदन किया, तो आरोप है कि संचालक ने कहा—
“जब तक हिसाब नहीं होगा, किसी को पेट्रोल नहीं मिलेगा। ज्यादा बात करोगे तो मार भी खानी पड़ सकती है, बेहतर है यहां से चले जाओ।”
यह सुनकर पीड़ित, जो दूर गांव के रहने वाले थे, विवाद से बचने के लिए गाड़ी को लगभग 10 किलोमीटर तक धक्का देते हुए अपने घर लौट गए।
यह घटना ऐसे समय में सामने आई है, जब जिला प्रशासन की ओर से नागरिकों से अपील की जा रही है कि घबराएं नहीं—पेट्रोल-डीजल पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध है और सभी को मिलेगा। ऐसे में पंप पर इस तरह का रवैया कई गंभीर सवाल खड़े करता है।
ग्रामीणों ने आशंका जताई है कि कहीं कीमत बढ़ने की संभावना के कारण बिक्री रोकी तो नहीं जा रही। हालांकि इसकी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन इस व्यवहार से स्थानीय लोगों में आक्रोश है।
अब देखना होगा कि संबंधित अधिकारी इस मामले में क्या कार्रवाई करते हैं और आम जनता को इस तरह की परेशानी से कब राहत मिलती है।
जनहित में सवाल:
क्या किसी पेट्रोल पंप संचालक को इस प्रकार मनमानी करने और जरूरतमंद लोगों को परेशान करने का अधिकार है?
Previous Post Next Post